श्री साव ने कहा कि श्री बाबाघाट धाम लोरमी का प्राचीन धार्मिक स्थल है। वर्षों से यहां साधु-संत पूजन, हवन एवं विश्राम करते रहे हैं। समय के साथ यह स्थल जीर्ण-शीर्ण हो गया था। अब इसके सौंदर्यीकरण और उन्नयन से नया स्वरूप मिला है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी ने काशी कॉरिडोर और उज्जैन में महाकाल लोक कॉरिडोर का निर्माण किया। अयोध्या धाम में प्रभु श्रीराम का भव्य मंदिर बनाया गया। छत्तीसगढ़ में भी भोरमदेव कॉरिडोर एवं मां बम्लेश्वरी मंदिर में ‘प्रसाद’ योजना के तहत कार्य होगा। वहीं रतनपुर धाम के विकास की दिशा में कार्य हो रहे हैं। इसी तरह लोरमी का बाबाघाट भी भव्य स्वरूप में विकसित किया गया है। श्री साव ने लोरमीवासियों से अपील की कि वे बाबाघाट के स्वरूप को सुंदर बनाए रखते हुए नियमित धार्मिक आयोजन करें।



