पश्चिम एशिया में जारी तनाव का असर अब सीधे आम लोगों की जिंदगी पर दिखने लगा है. पाकिस्तान में एलपीजी गैस की कीमतों में अचानक तेज बढ़ोतरी हुई है, जिससे आम जनता की मुश्किलें बढ़ गई हैं. हाल के आंकड़ों के अनुसार, 11.67 किलोग्राम के गैस सिलेंडर की कीमत पहले जहां करीब 3,150 से 3,968 रुपये थी, वहीं अब यह बढ़कर 3,900 से 5,135 रुपये तक पहुंच गई है. इस बढ़ोतरी ने खासकर मध्यम और निम्न आय वर्ग के लोगों की जेब पर सीधा असर डाला है. इसके खिलाफ महिलाएं सड़क पर उतर गईं हैं.
कीमतों में उछाल से आम जनता पर असर
एलपीजी की बढ़ती कीमतों का सबसे ज्यादा असर रोजमर्रा की जिंदगी पर पड़ रहा है. घरेलू उपयोग के साथ-साथ एलपीजी से चलने वाले रिक्शा, बस और मिनीबस के किराए भी बढ़ गए हैं. इससे रोज सफर करने वाले लोगों का खर्च बढ़ गया है. खास तौर पर पंजाब के कई शहरों में कीमतों में सबसे ज्यादा बढ़ोतरी देखी गई है, जिससे वहां के लोगों को अधिक परेशानी का सामना करना पड़ रहा है.
वैश्विक कारणों से बढ़ी महंगाई
विशेषज्ञों का मानना है कि इस बढ़ोतरी के पीछे अंतरराष्ट्रीय कारण जिम्मेदार हैं. पश्चिम एशिया में जारी संघर्ष के कारण गैस की वैश्विक कीमतें बढ़ी हैं. इसके अलावा ईरान से आने वाली गैस सप्लाई में भी कमी आई है, जो पहले 10,000 से 12,000 टन प्रतिदिन होती थी. ईद और नौरोज जैसे त्योहारों के चलते सप्लाई चेन पर असर पड़ा है, जिससे स्थिति और गंभीर हो गई है.



