विदेशों में भारतीयों के खिलाफ नफरत का खौफनाक खेल सारी हदें पार कर रहा है. अमेरिका में जहां सनकी हाथ में गन लेकर सरेआम मंदिर में हिन्दुओं की जान के पीछे पड़ा था. वहीं ऑस्ट्रेलिया में भी हालात बद से बदतर हो चुके हैं. ताजा मामला ब्रिस्बेन का है, जहां एक 19 साल के सिरफिरे ने आधी रात को एक भारतीय परिवार पर ऐसा नस्लीय कहर बरपाया कि उनके पैरों तले जमीन खिसक गई. सरेआम गालियां देना और पूरे अपार्टमेंट को बम से उड़ाने की धमकी देना, यह इस बात का खुला सबूत है कि वहां के लोगों के दिलों में प्रवासियों के प्रति कितना जहर भरा है. इस डरावनी और दहला देने वाली घटना के बाद अब वह सहमा हुआ परिवार अपना बोरिया-बिस्तर समेटकर वापस अपने देश लौटने पर विचार कर रहा है.
खुद को उड़ाने की धमकी और दहशत
पुलिस प्रॉसिक्यूटर सार्जेंट मैट काहलर ने कोर्ट में खुलासा किया कि यह किसी आम झगड़े का नहीं बल्कि एक “असाधारण नस्लीय हमले” का मामला है. आरोपी एडम्स को यह गलतफहमी हो गई थी कि भारतीय परिवार ने उसके खिलाफ पुलिस में कोई शिकायत की है, जिसकी वजह से उसे बेदखल होना पड़ा. गुस्से में पागल उस शख्स ने न सिर्फ परिवार को डराया बल्कि यह तक धमकी दी कि वह अपार्टमेंट कॉम्प्लेक्स में खुद को और बाकी लोगों को भी बम से उड़ा देगा. उसकी हरकतों से सहमे आसपास के दूसरे लोग भी अपने फ्लैट खाली करके भागने लगे.
पुलिस प्रॉसिक्यूटर सार्जेंट मैट काहलर ने कोर्ट में खुलासा किया कि यह किसी आम झगड़े का नहीं बल्कि एक “असाधारण नस्लीय हमले” का मामला है. आरोपी एडम्स को यह गलतफहमी हो गई थी कि भारतीय परिवार ने उसके खिलाफ पुलिस में कोई शिकायत की है, जिसकी वजह से उसे बेदखल होना पड़ा. गुस्से में पागल उस शख्स ने न सिर्फ परिवार को डराया बल्कि यह तक धमकी दी कि वह अपार्टमेंट कॉम्प्लेक्स में खुद को और बाकी लोगों को भी बम से उड़ा देगा. उसकी हरकतों से सहमे आसपास के दूसरे लोग भी अपने फ्लैट खाली करके भागने लगे.
पुलिस ने दबोचा, लेकिन कोर्ट से मिली बेल
घटना के बाद भारी हथियारों से लैस पुलिस और टैक्टिकल टीम ने एक लोकल होटल से एडम्स को धर दबोचा. उस पर हेट क्राइम और गंभीर धमकियां देने के आरोप तय किए गए. हालांकि, कोर्ट में उसके वकील ने दलील दी कि 18 महीने पहले मां की मौत और ऑटिज्म व ADHD जैसी मानसिक समस्याओं के कारण वह परेशान चल रहा था. ब्रिस्बेन मजिस्ट्रेट कोर्ट ने कुछ सख्त शर्तों (इलेक्ट्रॉनिक मॉनिटरिग और हफ्ते में तीन बार पुलिस थाने में हाजिरी) के साथ उसे बेल दे दी.
घटना के बाद भारी हथियारों से लैस पुलिस और टैक्टिकल टीम ने एक लोकल होटल से एडम्स को धर दबोचा. उस पर हेट क्राइम और गंभीर धमकियां देने के आरोप तय किए गए. हालांकि, कोर्ट में उसके वकील ने दलील दी कि 18 महीने पहले मां की मौत और ऑटिज्म व ADHD जैसी मानसिक समस्याओं के कारण वह परेशान चल रहा था. ब्रिस्बेन मजिस्ट्रेट कोर्ट ने कुछ सख्त शर्तों (इलेक्ट्रॉनिक मॉनिटरिग और हफ्ते में तीन बार पुलिस थाने में हाजिरी) के साथ उसे बेल दे दी.
कब तक सहेंगे भारतीय?
इस पूरी घटना के बाद से डरा-सहमा भारतीय परिवार अब ऑस्ट्रेलिया छोड़कर वापस भारत लौटने का विचार कर रहा है. रिपोर्ट्स बताती हैं कि ऑस्ट्रेलिया में प्रवासियों, खासकर भारतीयों के खिलाफ हेट स्पीच और नस्लीय भेदभाव तेजी से बढ़ रहा है. अमेरिका में गन कल्चर का खौफ हो या ऑस्ट्रेलिया में नस्लीय नफरत, विदेशों में भारतीयों की सुरक्षा पर एक बार फिर बहुत बड़ा सवालिया निशान लग गया है.
इस पूरी घटना के बाद से डरा-सहमा भारतीय परिवार अब ऑस्ट्रेलिया छोड़कर वापस भारत लौटने का विचार कर रहा है. रिपोर्ट्स बताती हैं कि ऑस्ट्रेलिया में प्रवासियों, खासकर भारतीयों के खिलाफ हेट स्पीच और नस्लीय भेदभाव तेजी से बढ़ रहा है. अमेरिका में गन कल्चर का खौफ हो या ऑस्ट्रेलिया में नस्लीय नफरत, विदेशों में भारतीयों की सुरक्षा पर एक बार फिर बहुत बड़ा सवालिया निशान लग गया है.



